2020 से स्कोडा और फॉक्सवेगन की कारों में मिल सकता है सीएनजी इंजन

  •  फॉक्सवेगन ग्रुप ने अपनी कारों में सीएनजी विकल्प पेश किए
  • एलपीजी की तुलना में ज्यादा किफायती भी है
  • डीएसजी ऑटोमैटिक दोनों ट्रांसमिशन विकल्पों में उपलब्ध हैं

फॉक्सवेगन ग्रुप 2020-दिल्ली ऑटो एक्सपो में अपनी अपकमिंग फॉक्सवेगन टी-क्रॉस और स्कोडा कामिक कॉम्पैक्ट एसयूवी को शोकेस करेगा। इन दोनों एसयूवी को भारत में फॉक्सवेगन ग्रुप के "इंडिया 2.0" बिज़नेस प्लान के तहत उतारा जाएगा। इस प्लान के तहत कंपनी एमक्यूबी-ए0 प्लेटफार्म का भारत में ही निर्माण करेगी, जिससे इन कारों को किफायती कीमत पर उतारा जा सकेगा। यही नहीं, कंपनी ने अपने 1.0-लीटर टर्बोचार्ज्ड टीएसआई पेट्रोल इंजन को भी भारत में ही तैयार किए जाने की योजना बनाई है। हाल ही में फॉक्सवेगन ग्रुप ने अपनी कारों में सीएनजी विकल्प पेश किए जाने के भी संकेत दिए है। 

यूरोप में एमक्यूबी-ए0 प्लेटफार्म पर बनी लगभग सभी कारों में कंपनी सीएनजी विकल्प की पेशकश करती है। इन कारों में 1.0-लीटर टीएसआई टर्बो पेट्रोल इंजन के साथ सीएनजी की पेशकश की जाती है, जिसे टीजीआई इंजन कहा जाता है। कंपनी के अनुसार सीएनजी का उपयोग करने से कार्बन डाइऑक्साइड के उत्सर्जन में 25% और नाइट्रोजन आक्साइड के उत्सर्जन में 75% तक की कमी आती है। सीएनजी डीज़ल, पेट्रोल और एलपीजी की तुलना में ज्यादा किफायती भी है। 1 किलोग्राम सीएनजी से उत्पन्न ऊर्जा 2 लीटर एलपीजी, 1.3 लीटर डीज़ल और 1.5 लीटर पेट्रोल के बराबर होती हैं।  फॉक्सवेगन ग्रुप का यह 1.0-लीटर टीजीआई इंजन 4,500आरपीएम से 5,800आरपीएम के बीच 90पीएस की पावर और 1,900-3,500आरपीएम पर 160एनएम का टॉर्क जनरेट करता है। यह इंजन 6-स्पीड मैनुअल ट्रांसमिशन के साथ उपलब्ध है। वहीं, 1.0-लीटर टीएसआई पेट्रोल इंजन दो पावर ट्यूनिंग में आता हैं, जिनमें 95पीएस/175एनएम और 115पीएस/200एनएम शामिल हैं। यह इंजन मैनुअल और डीएसजी ऑटोमैटिक दोनों ट्रांसमिशन विकल्पों में उपलब्ध हैं।  

फॉक्सवेगन ग्रुप भारत में सीएनजी विकल्प पेश करने के लिए यहां के सीएनजी इंफ्रास्ट्रक्चर को लेकर चिंतित है। वर्तमान में भारत में सीएनजी विकल्प ऑटो-रिक्शा, टैक्सियों, बसों और कम बजट वाली कारों तक ही सीमित है। इस वजह से सीएनजी कारों को बजट कारों के रूप में देखा जाता है। अब तक देश में कोई भी प्रीमियम कार सीएनजी विकल्प के साथ पेश नहीं की गई है। इसके अलावा, भारत में सीएनजी नेटवर्क पेट्रोल या डीज़ल पम्पों की तुलना में मजबूत नहीं है और अधिकांश सीएनजी पम्पों पर अक्सर ऑटो-रिक्शा और टैक्सियों की भीड़ लगी होती है। 

भारत में एमक्यूबी-ए0 प्लेटफार्म पर बेस्ड पहली कारें स्कोडा कामिक और फॉक्सवेगन टी-क्रॉस होगी। इन्हें 2020 में लॉन्च किया जाएगा। उम्मीद है कंपनी यूरोप में इस प्लेटफार्म पर बिकने वाली कारों की तरह इन कारों में भी 1.0-लीटर टीजीआई इंजन पेश करेगी। अगर ऐसा होता है तो यह अपने सेगमेंट में पहली सीएनजी अवतार वाली एसयूवी होंगी। साथ ही कंपनी अप्रैल 2020 से लागू होने वाले भारत स्टेज-6 उत्सर्जन मानदंडों के बाद अपने 1.5-लीटर टीडीआई इंजन को भी बंद कर सकती है।  

Related Articles

Leave a Comment