प्रयागराज कुंभ मेला: NDRF की 12 टीमें किसी भी आपदा से निपटने के लिए पहुंची

संक्षेप:

  • कुंभ मेले की तैयारियां जोरों पर
  • किसी भी आपदा से निपटने के लिए प्रयागराज पहुंची NDRF की 12 टीमें
  • पानी में डूबे हुए बेहोश व्यक्ति को भी होश में लाने की बताई गई तकनीक

प्रयागराज:  प्रयागराज में 2019 में होने वाले कुंभ मेले की तैयारियां जोरों पर हैं. यहां आने वाले यात्रियों के लिए सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए जा रहे हैं. हर चप्पे-चप्पे पर यात्रियों की सुरक्षा के लिए जवान मौजूद रहेंगे. माघ मेला क्षेत्र में किसी भी आपदा से निपटने व जल दुर्घटना के समय यात्रियों को सहायता देने के लिए प्रयागराज में एनडीआरएफ ने अपना डेरा जमा दिया है.

इसके लिए वह यहां पर नाविकों घाटियों और गोताखोरों को तकनीकी पहलुओं की जानकारी भी दे रहे हैं कि कैसे आपदा के समय में वह बचाव कार्य कर सकते हैं?

प्रयागराज के संगम क्षेत्र में कुंभ की तैयारियों के मद्देनजर एनडीआरएफ की टीमों ने आज संगम के घाटों पर मौजूद नाविकों और गोताखोरों को डूबते हुए लोगों को बचाने की तकनीकों के बारे में बताया. कुंभ मेले के दौरान होने वाले संभावित आपदाओं का भी जायजा लिया. इसके लिए उन्होंने संवेदनशील घाटों स्थानों वह मेले में आपदा से समय पूर्ण कैसे नियंत्रण किया जाए, इस पहलू पर भी विचार किया गया. कुंभ मेले के मद्देनजर एनडीआरएफ सिविल डिफेंस के तीन बैच में कुल डेढ़ सौ वार्डन को और पुलिस के भी कर्मियों को बचाव कार्यों के बारे में जानकारी दी गई है.

ये भी पढ़े : मुलायम सिंह यादव की तबीयत बिगड़ी, गाजियाबाद के अस्पताल में किया गया भर्ती


जल्द ही सभी नाविकों जेल पुलिस और स्वास्थ्य विभाग के लगभग 2000 कर्मियों को भी आपदा प्रबंधन के प्रशिक्षण का कार्य योजना बनाई गई है. इसी के तहत आज संगम क्षेत्र में इंडिया के वरिष्ठ अधिकारियों और जवानों ने गोताखोरों को तकनीकी पहलुओं के बारे में बताएं. सुरक्षा के मद्देनजर एनडीआरएफ अपना एक मास्टर कंट्रोल रूम और यूसी भी मेले के अंदर स्थापित कर रहा है, जिसमें सभी विभागों के साथ तालमेल बनाया जा सके और डेटा की मॉनिटरिंग तथा स्थितियों का मूल्यांकन भी कर सके.

एनडीआरएफ की कमान संभाल रहे मह उप कमांडेंट से पीएल शर्मा निरीक्षक धर्मेंद्र कुमार पांडे और निरीक्षक मिथिलेश कुमार ने आज गोताखोरों को डूबते हुए लोगों को कैसे बाहर निकाला जाए? यदि कोई डूब रहा हो तो उसे बाहर निकालना, फिर उसके पेट का पानी कैसे निकाला जाए. उसके भी तरीके के बारे में बताया गया. साथी ही यदि तैरना नहीं आ रहा है, तो किसी डूब रहे व्यक्ति को कैसे बचाया जा सकता है? 

इसके बारे में भी मौजूद गोताखोरों की जानकारी दी गई साथी सीपीआर के माध्यम से जल में डूबे हुए बेहोश व्यक्ति को भी होश में लाने की तकनीक के बारे में बताया गया. यात्रियों की सुरक्षा के मद्देनजर कुंभ मेले के दौरान मेले में एनडीआरएफ की कुल 12 टीमों की तैनाती रहेगी, जिसमें वाटर रेसिपी नॉटी में ध्वस्त ढांचा खोज एवं बचाव की दो टीमें और सीबी आर्यन इमरजेंसी की एक टीम तैयार तैनात रहेगी. जो किसी भी आपदा से निपटने के लिए पर्याप्त है. साथ ही हैप्पी में अत्याधुनिक जीवन रक्षक उपकरणों के साथ भी सुसज्जित रहेंगे, जिससे किसी भी आपदा की स्थिति में बेहतर ढंग से सहायता दे सके.

Your support to NYOOOZ will help us to continue create and publish news for and from smaller cities, which also need equal voice as much as citizens living in bigger cities have through mainstream media organizations.

Read more Allahabad News In Hindi here. देशभर की सारी ताज़ा खबरें हिंदी में पढ़ने के
लिए NYOOOZ HINDI को सब्सक्राइब करें |

Related Articles