बरेली: दुख की घड़ी में अपनों ने छोड़ा साथ, 24 घंटे तक रोड पर पड़ी रही लाश, पुलिस ने कराई अंत्येष्टि में मदद

संक्षेप:

  • दुख में शामिल नहीं हुए अपने
  • रिश्तेदारों ने अंत्येष्टि में आने से किया मना
  • पुलिस व समाजसेवियों ने निभाया इंसानियत का धर्म

बरेली । इस वक्त जब हर कोई मुश्किल वक्त से गुज़र रहा है. ऐसे में कुछ लोग व्यक्ति के दर्द को अना न समझकर किनारा कर रहे हैं. आपको बता दें खबर आई है जहां ऐसे ही कुछ अपनों ने अंतिम संस्कार में शामिल होने से मना कर दिया. 24 घंटे तक नैनीताल रोड किनारे झोपड़ी में लाश रखी रही। पुलिस को भी यही उम्मीद थी कि बस्ती से मृतक के भाई, चाचा, भतीजे अवश्य ही आएंगे।

पुलिस ने परिवार को जब फोन किया तो कहा, हम नहीं आ सकते। ऐसे में खाकी और समाजसेवियों ने मानवता का फर्ज निभाया। मृतक की अंत्येष्टि गिरधारीपुर किला नदी किनारे की। बेटी के मासूम बेटे से मुखाग्नि दिलाई। किसी ने लकड़ी दिलाई। किसी ने एंबुलेंस भेजी।

बस्ती से आने के लिए सभी ने इंकार किया

ये भी पढ़े : आजमगढ़: विश्वकर्मा मंदिर-छतवारा मार्ग लगभग 3 मीटर और होगा चौड़ा, चार किमी लंबी इस सड़क पर छह करोड़ रुपए होंगे खर्च


जिला बस्ती के रहने वाले राम बहार लखन उर्फ मुलायम नैनीताल रोड एयरपोर्ट के पास एक झोपड़ी में सड़क किनारे रहते थे। उनकी पत्नी छोड़ कर चली गई। विवाहित बेटी और उसके दो बच्चे ही साथ में रहते थे। रामबबहार एक इलेक्ट्रॉनिक शोरूम पर चौकीदारी करते थे। गाय-भैंस पाल कर डेयरी चलाते थे। मगंलवार की दोपहर राम बहार को अचानक तेज बुखार आया।

इलाज के अभाव में उनकी सांसे थम गईं। अकेले बेटी क्या करती? लोगों ने इज्जतनगर पुलिस को सूचना दी। चौकी इंचार्ज विनोद कुमार और सर्वेश कुमार मौके पर पहुंचे। मृतक की बेटी से परिवार के भाई चाचा भतीजे आदि के मोबाइल पर संपर्क किया। बस्ती से आने के लिए सभी ने इंकार कर दिया।

आठ महीने के मासूम बेटे से मुखाग्नि दिलाई

पुलिस और मृतक की बेटी बुधवार की दोपहर तक इसी इंतजार में रहे। दुःख ख की घड़ी में परिवार के लोग बस्ती से अवश्य ही आएंगे। कोई नहीं आया। पुलिस ने अंत्येष्टि कराने के लिए समाजसेवी युवा भाजपा नेता मिंटू सिंह को बुलाया। इसके बाद अंतिम संस्कार की तैयारी शुरू की गई। अंतिम संस्कार को लकड़ी सामग्री एयरफोर्स गेट के अशोक अरोड़ा ने दिलाई।

एसके इलेक्ट्रॉनिक और चौकी इंचार्ज विनोद कुमार सर्वेश कुमार और हेड कॉन्स्टेबल अरुण कुमार ने एंबुलेंस का खर्चा दिया। अंतिम संस्कार की व्यवस्था युवा भजपा नेता मिन्टू सिंह, सुदर्शन शर्मा, सन्नी बाल्मीकि,बिहारी लाल गोपाल यादव ने की।

गिरधारीपुरा में किला नदी किनारे चिता बनाई। साथ में मृतक की बेटी और उसका मासूम बेटा भी गया। बेटी ने पिता की चिता के अग्नि फेरा पूरा किए। इसके बाद आठ महीने के मासूम बेटे से मुखाग्नि दिलाई। कुछ लोगों ने पीड़ित बेटी का आर्थिक सहयोग भी किया।

If You Like This Story, Support NYOOOZ

NYOOOZ SUPPORTER

NYOOOZ FRIEND

Your support to NYOOOZ will help us to continue create and publish news for and from smaller cities, which also need equal voice as much as citizens living in bigger cities have through mainstream media organizations.

अन्य बरेली की अन्य ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें और अन्य राज्यों या अपने शहरों की सभी ख़बरें हिन्दी में पढ़ने के लिए NYOOOZ Hindi को सब्सक्राइब करें।

Related Articles