गिरिराज ने आजम खान को दी धमकी, कहा- बेगूसराय में चुनाव खत्म होने के बाद रामपुर आकर बताएंगे क्या हैं बजरंगबली?

संक्षेप:

  • एक बार फिर 2019 के लोकसभा चुनाव में बजरंगवली और अली पर नेताओं में तू-तू-मैं-मैं हो रही है
  • गिरिराज सिंह ने खुलेआम आजम खान को धमकी दी है
  • कहा है- बेगूसराय में चुनाव खत्म होने के बाद वे रामपुर जाएंगे और आजम खान को बताएंगे कि बजंरग बली क्या हैं?

बेगूसराय: 2018 में जब पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव हुए थे तो बजरंगवली किस जाति के हैं इसको ले नेताओं में बहस छिड़ गई थी. और एक बार फिर 2019 के लोकसभा चुनाव में बजरंगवली और अली पर नेताओं में तू-तू-मैं-मैं हो रही है. यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बजरंगबली वाले बयाने के बाद सपा नेता आजम खान के बयान पर बीजेपी के फायरब्रांड नेता और बेगूसराय से उम्मीदवार गिरिराज सिंह भी कूद गए हैं. रामपुर से सपा-बसपा उम्मीदवार और सपा नेता आज़म ख़ान के `बजरंगअली` वाले बयान पर गिरिराज सिंह ने खुलेआम धमकी दी है और कहा है कि बेगूसराय में चुनाव खत्म होने के बाद वे रामपुर जाएंगे और आजम खान को बताएंगे कि बजंरग बली क्या हैं?

आजम खान के बयान पर गिरिराज सिंह ने ट्वीट के जरिये अपनी प्रतिक्रिया दी है. बेगूसराय लोकसभा सीट से कन्हैया कुमार और राजद प्रत्याशी तनवीर हसन के खिलाफ चुनावी अखाड़े में उतरे केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि बेगूसराय का चुनाव खत्म होने के बाद वे रामपुर आकर आजम खान को बताएंगे कि बजरंगबली क्या हैं? केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने ट्विटर पर लिखा- ‘आज़म खान ने पहले प्रधानमंत्री मोदी जी को गाली दिया अब हमारे भगवान को गाली दे रहा …आज़म खान, बेगूसराय का चुनाव खत्म होने के बाद रामपुर आकर हम बताएंगे कि बजरंग बली क्या हैं?`.

दरअसल, पिछले दिनों योगी आदित्यनाथ ने लोकसभा चुनावों की तुलना इस्लाम में अहम शख्सियत ‘अली` और हिंदू देवता ‘बजरंगबली` के बीच मुकाबले से की थी. भाजपा नेता योगी आदित्यनाथ ने कहा था, ‘अगर कांग्रेस, सपा, बसपा को अली पर विश्वास है तो हमें भी बजरंग बली पर विश्वास है.` योगी ने देवबंद में बसपा प्रमुख मायावती के उस भाषण की तरफ इशारा करते हुए यह टिप्पणी की थी जिसमें मायावती ने मुस्लिमों से सपा-बसपा गठबंधन को वोट देने की अपील की थी.

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आजम खान ने कहा था कि, `अली और बजरंग बली में झगड़ा मत करवाओ. मैं इसके लिए एक नाम दिए देता हूं. बजरंग अली से मेरा दीन कमजोर नहीं हुआ. योगी जी ने कहा कि हनुमान जी दलित थे और फिर उनके किसी साथी ने कहा कि हनुमान जी ठाकुर थे. फिर पता चला कि वह ठाकुर नहीं जाट थे. फिर किसी ने कहा कि वह हिंदुस्तान के नहीं श्रीलंका के थे लेकिन बाद में एक मुसलमान ने कहा कि बजरंगबली मुसलमान थे. झगड़ा ही खत्म हो गया. हम अली और बजरंग एक हैं. बजरंग अली तोड़ दो दुश्मन की नली. बजरंग अली ले लो जालिमों की बलि.`

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