भोपाल के सबसे बड़े सरकारी सुल्तानिया जनाना अस्पताल (Sultania lady Hospital) में एक महिला कर्मचारी गर्भवती महिला (Pregnant woman) के ऊपर गिर पड़ी

महिला तो बाल-बाल बच गयी लेकिन कर्मचारी की पीठ में पलंग (bed) का सरिया घुस गया. महिला कर्मचारी उस गर्भवती महिला को अकेले ही उठाकर बेड पर शिफ्ट कर रही थी. उसी दौरान ये हादसा हो गया. सुल्तानिया जनाना अस्पताल में एक प्रसूता को शिफ्ट करने के दौरान एक महिला कर्मी पलंग के ऊपर गिर गई. गर्भवती महिला तो बाल-बाल बच गयी लेकिन पलंग पर गिरने से महिला कर्मचारी की पीठ में लोहे का सरिया घुस गया.घायल कर्मी को फौरन हमीदिया अस्पताल में भर्ती कराया गया.बताया जा रहा है कि जिस समय ये घटना हुई उस समय महिला कर्मी अकेले ही प्रसूता को उठाकर बेड पर शिफ्ट कर रही थी. उसी दौरान महिला का संतुलन बिगड़ा और वो पलंग पर गिर गई. गनीमत रही इन सब के बीच अच्छी बात ये रही कि महिला कर्मी ने अपनी परवाह किए बिना प्रसूता को सही सलामत बेड पर लिटा दिया था जिससे एक बड़ा हादसा होने से बच गया.इस घटना से महिला कर्मी का खून बहने लगा. आनन-फानन में उसे अस्पताल की इमरजेंसी में लाया गया जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे हमीदिया रेफर कर दिया गया.सुशीला बाई ने बचाई प्रसूता की जान जानकारी के अनुसार सुशीला बाई सुलतानिया अस्पताल में साफ-सफाई और हेल्पर हैं. अस्पताल में भर्ती एक गर्भवती महिला की तबियत ज्यादा खराब होने के कारण उसे वॉर्ड से ऑपरेशन थिएटर में शिफ्ट किया जा रहा था. जब महिला कर्मी प्रसूता को पलंग से उठाकर स्ट्रेचर पर शिफ्ट कर रही थी उसी दौरान उसका संतुलन बिगड़ा और वो पलंग पर गिर गई. अस्पताल की बदहाली, एक बेड पर दो-दो प्रसूताएंसुल्तानिया अस्पताल में 185 बेड हैं. लेकिन यहां मरीज़ों की तादाद इतनी ज़्यादा है कि एक वक्त में 250 से ज्यादा महिलाएं भर्ती रहती हैं. अस्पताल में अतिरिक्त बेड लगाने की जगह नहीं है. लिहाजा एक बेड पर दो-दो प्रसूताओं को भर्ती किया जाता है. उनके नवजात बच्चे और परिजन भी उन्हीं बिस्तर पर रहते हैं. दोनों प्रसूताओं के आधे पैर बिस्तर से लटकते रहते है. करवट बदलने पर उन्हें गिरने का डर रहता है. इस वजह से वे रात भर सो नहीं पाती हैं. ये भी पढ़ें-रतलाम में रोडरेज की घटना में बीच बचाव करने आए शख़्स की हत्या, 4 लोग घायल window.ADNW = window.ADNW || {}; window.ADNW.v60 = window.ADNW.v60 || {}; window.ADNW.v60.slots = window.ADNW.v60.slots || []; window.ADNW.v60.slots.push({ rootElement: document.getElementNYOOOZ HINDIId("firstArticle"), placementid: '891619170980514_1503976046411487', format: 'recirculation', testmode: false, onAdLoaded: function(element) { // called on each single ad that is loaded }, onAdError: function(errorCode, errorMessage) { // called when no ads could be loaded }, onUnitLoaded: function(rootElement) { // called when whole unit is loaded console.log('Audience Network [891619170980514_1503976046411487] unit loaded'); rootElement.setAttribute("style", "border-top: 1px solid #908888;border-bottom: 1px solid #908888;padding: 10px 0;margin: 10px 0 20px;display:block"); }, onUnitError: function(errorCode, errorMessage) { // called when whole unit could not be loaded console.log('Audience Network [891619170980514_1503976046411487] error (' + errorCode + ') ' + errorMessage); }, recirculation: { desktop: { ad_load: 'auto', infinite_scroll: 'auto', layout: 'h_list', rows: 'one', columns: 'two' }, mobile: { ad_load: 'auto', infinite_scroll: 'auto', layout: 'grid', }, } }); कमलनाथ सरकार आज लाएगी मंदिरों की ज़मीन बेचने का प्रस्ताव, OBC आरक्षण पर सुनवाई।

If You Like This Story, Support NYOOOZ

NYOOOZ SUPPORTER

NYOOOZ FRIEND

Your support to NYOOOZ will help us to continue create and publish news for and from smaller cities, which also need equal voice as much as citizens living in bigger cities have through mainstream media organizations.

डिसक्लेमर :ऊपर व्यक्त विचार इंडिपेंडेंट NEWS कंट्रीब्यूटर के अपने हैं,
अगर आप का इस से कोई भी मतभेद हो तो निचे दिए गए कमेंट बॉक्स में लिखे।