मध्य प्रदेश के बहुचर्चित ई टेंडर महाघोटाले का मनी ट्रेल कनेक्शन सामने आया है

एमपी पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा ईओडब्ल्यू (EOW) को 5 करोड़ के मनी ट्रेल के सबूत मिले हैं. इंदौर (Indore) में सीवेज का टेंडर (Tender) लेने वाली कंपनी के जरिए 5 करोड़ ग्वालियर पहुंचे और वहां से इस राशि को भोपाल में जमीन खरीदने में निवेश किया गया. मनी ट्रेल (Money Trail) के तार पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा (Narottam Mishra) के करीबियों से जुड़े हैं. ऐसे हुआ पैसों का लेन देन इंदौर में करीब 10 साल पहले नगर निगम की सीवेज लाइन बिछाने का टेंडर हैदराबाद की नागार्जुन कंस्ट्रक्शन कंपनी को मिला था. इस टेंडर के बाद कंपनी ने जून 2008 में इंदौर की 5 कंपनियों सुमित इंटरप्राइजेज, आरआर इंटरप्राइजेज, अशोक इंटरप्राइजेज, तिरुपति ट्रेडर्स और आरपी ट्रेडर्स को 5 करोड़ रुपए ट्रांसफर किए थे. इन कंपनियों ने ये राशि डबरा और भितरवार के 14 किसानों के खातों में ट्रांसफर की थी. इसके लिए सहकारी बैंक में खाते भी खुलवाए गए थे. इसके बाद किसानों के खातों से यह राशि ट्रांसफर कर भोपाल के रतनपुर में उनके नाम से 1.9 हैक्टेयर जमीन खरीदी गई थी. ईओडब्ल्यू ने जांच में अहम सबूत मिलने का दावा कियाइस मनी ट्रेल को लेकर पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा के करीबी मुकेश शर्मा से पूछताछ हो चुकी है. साथ ही ग्वालियर के किसानों से जुड़े दस्तावेजों को भी खंगाला जा रहा है. कंपनियों के साथ टेंडर से जुड़े इंदौर में प्रशासन के अधिकारियों से पूछताछ चल रही है. टेंडर का मनी ट्रेल कनेक्शन? >> ईओडब्ल्यू को शक है कि हैदराबाद की कंपनी को मिले टेंडर के एवज में पांच करोड़ की दलाली दी गई है. >> 5 करोड़ की राशि को मनी ट्रेल के जरिए भोपाल में जमीन खरीदने में निवेश किया गया. >> मनी ट्रेल की कड़ी में 5 कंपनियों के साथ किसानों और टेंडर से जुड़े अधिकारियों की भूमिका संदिग्ध है. ईओडब्ल्यू को मनी ट्रेल से जुड़े सबूत मिले हैं. ईओडल्ब्यू के मुताबिक जल्द ही इस मामले में एफआईआर दर्ज की जाएगी. अभी तक 8 गिरफ्तारियां EOW ने 4 महीने की जांच में ऑस्मो आईटी सॉल्यूशन्स प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के 3 डायरेक्टर विनय चौधरी, वरुण चतुर्वेदी, सुमित गोलवलकर, राज्य इलेक्ट्रॉनिक्स विकास निगम के नोडल अधिकारी नंदकिशोर ब्रम्हे, एंट्रस सिस्टम्स लिमिटेड कंपनी के वाइस प्रेसीडेंट मनोहर एमएन, माइलस्टोन कंपनी के संचालक मनीष खरे और पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा के निज सहायकों वीरेंद्र पांडे, निर्मल अवस्थी को गिरफ्तार किया है. पूर्व मंत्री के करीबियों पर कसेगा शिकंजा ईओडब्ल्यू की जांच आरोपियों गिरफ्तारियों के बाद FIR में दर्ज अज्ञात नौकरशाह, राजनेताओं और बाकी कंपनियों के जिम्मेदार अफसरों तक नहीं पहुंच सकी है. अब मनी ट्रेल के सबूत मिलने के बाद EOW जल्द ही पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा के करीबियों वीरेंद्र पांडे, निर्मल अवस्थी और मुकेश शर्मा पर आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज करेगी. जल्द दर्ज होगी FIR EOW के डीजी के एन तिवारी का कहना है कि मनी ट्रेल की जांच चल रही है. जिन किसानों के खातों में 5 करोड़ की राशि ट्रांसफर हुई है, उसके दस्तावेज भी मिल गए हैं. सबूतों के आधार पर संदेहियों से पूछताछ भी की जा रही है. अभी प्राथमिक जांच को दर्ज किया गया है, जल्द ही इस मामले में भी एफआईआर भी दर्ज की जाएगी. ये भी पढ़ें - अजित पवार को बड़ा झटका, बैंक घोटाले में जांच समाप्त करने से SC का इनकार पुलिस ने अनंत सिंह से पूछा- आपके पास इतनी संपत्ति कहां से आई? मिला ये जवाब।

If You Like This Story, Support NYOOOZ

NYOOOZ SUPPORTER

NYOOOZ FRIEND

Your support to NYOOOZ will help us to continue create and publish news for and from smaller cities, which also need equal voice as much as citizens living in bigger cities have through mainstream media organizations.

डिसक्लेमर :ऊपर व्यक्त विचार इंडिपेंडेंट NEWS कंट्रीब्यूटर के अपने हैं,
अगर आप का इस से कोई भी मतभेद हो तो निचे दिए गए कमेंट बॉक्स में लिखे।