Mp Election 2018: जो चूल्हे तक पकड़ बनाएगा, वही विधानसभा तक जाएगा

शिवपुरी। सामान्य रूप से चुनावी माहौल में प्रत्येक दल अपना प्रचार- प्रसार पुरूष मतदाताओं तक ही सीमित रखता है और प्रचार प्रसार में जुटने वाली टीम भी पुरुषों की ही होती है, परंतु इस चुनाव में जो दल अपनी महिला टीम को जितना अधिक एक्टिव कर लेगा, वह उतना अधिक मतदाता के चूल्हे तक पकड़ बनाने में सफल होगा।

मतदाताओं के आंकड़ों पर नजर दौड़ाएं तो यह विश्वास से कहा जा सकता है कि जितना अधिक लोगों की घरों तक पकड़ बनाकर महिला मतदाताओं को रिझाने में सफल होगा, उसके विधानसभा पहुंचने के चंास उतने अधिक हो जाएंगे।

उल्लेखनीय है कि शिवपुरी में कुल 11 लाख 33 हजार 836 मतदाताओं को जिले की पंाचों विधानसभाओं में भाग्य आजमाने वाले प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला करना है।

इनमें से 5 लाख 25 हजार 807 महिला मतदाता हैं, यानि की कुल मतदाताओं का 46.37 प्रतिशत मतदाता सिर्फ महिलाएं हैं।

ऐसे में जो दल महिला मतदाताओं को अपने पक्ष में रिझाने और मतदान करवाने में सफल होगा, उसकी जीत की उम्मीद उतनी अधिक बढ़ जाएगी।

अगर पिछले कुछ चुनावों का रिकॉर्ड उठाकर देखें तो महिला मतदाताओं के मतदान का प्रतिशत काफी कम रहता है, यानि की आधी आबादी का एक बड़ा हिस्सा तो लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए घूंघट से बाहर निकलती ही नहीं है।कहां कितने मतदाता, कितनी महिलाएं

  • करैरा में 2 लाख 35 हजार 55 मतदाता, जिसमें 1 लाख 26 हजार 719 पुरूष, 01 लाख 08 हजार 334 महिला और दो अन्य मतदाता है।

    इनके लिए 312 मतदान केन्द्र बनाए गए हैं।

  • पोहरी में 2 लाख 14 हजार 929 मतदाताओं में से 01 लाख 16 हजार 8 पुरूष एवं 98 हजार 916 महिला मतदाता है, जबकि 05 अन्य मतदाता है।

    इन मतदाताओं के लिए 294 मतदान केन्द्र बनाए गए है।

  • शिवपुरी में कुल 2 लाख 30 हजार 117 मतदाताओं में से 01 लाख 22 हजार 490 पुरूष, 01 लाख 7 हजार 6 15 महिला, 12 अन्य मतदाता शामिल है।

    इनके लिए 304 मतदान केन्द्र बनाए गए हैं।

  • पिछोर में कुल 2 लाख 27 हजार 6 28 मतदाताओं में 1 लाख 21 हजार 8 74 पुरूष एवं 1 लाख 5 हजार 753 महिला और 1 अन्य मतदाता है।

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