बिना अनुमति विरोध प्रदर्शन करने पर बीजेपी (Bjp) के पूर्व विधायक सुरेंद्र नाथ सिंह पर जुर्माना लगाए जाने के मामले में सूबे की सियासत गर्म हो गई है

पूर्व मुख्यमंत्री (Ex Chief Minister) शिवराज सिंह चौहान ने पूर्व विधायक सुरेंद्र सिंह का समर्थन करते हुए प्रशासन के कदम को तुगलकी करार दिया है. श्री चौहान ने इस मामले पर कमलनाथ (Kamalnath) सरकार को कठघरे में खड़ा करते हुए आरोप लगाया है कि सरकार जनता के असंतोष को देखकर डर गई है, लिहाजा जुर्माना लगाकर विरोध की आवाज़ दबाने की कोशिश कर रही है. शिवराज ने चेतावनी दी है कि अभी तो वो सरकार से अपील कर रहे हैं लेकिन बाद में देखेंगे कि आखिर कितने लोगों की संपत्ति सरकार कुर्क करती है. क्या है मामला आपको बता दें कि बीजेपी के पूर्व विधायक सुरेंद्र नाथ सिंह ने 20 अगस्त को गुमटी व्यापारियों के समर्थन में बिना अनुमति सीएम हाउस से लेकर वल्लभ भवन और डीजीपी-कमिश्नर के बंगलों का घेराव किया था. पुलिस ने इस संबंध में 23 लाख 76 हज़ार 280 रुपए की वसूली का प्रस्ताव भोपाल कलेक्टर को भेज दिया है. पुलिस ने जुर्माना लगाए जाने के पीछे तर्क दिया है कि पूर्व विधायक सुरेंद्र नाथ सिंह ने अपने समर्थकों के साथ सीएम हाउस समेत 12 जगहों पर विरोध प्रदर्शन किया था. जिसके चलते पुलिस को प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए अतिरिक्त बल तैनात करना पड़ा. भोपाल में गुमटी वालों का प्रदर्शन (फाइल फोटो)कांग्रेस का पलटवार वहीं शिवराज सिंह चौहान के आरोपों पर कांग्रेस ने पलटवार करते हुए कहा है कि जो भी कार्रवाई की जा रही है वो नियमों के तहत ही की जा रही है. बिना अनुमति विरोध प्रदर्शन पर बीजेपी की सरकार में भी कार्रवाई होती थी. कांग्रेस मीडिया सेल के उपाध्यक्ष भूपेंद्र सिंह ने कहा कि जब बिना अनुमति कोई प्रदर्शन करता है तो उसे कैसे रोका जाता है? यदि प्रदर्शन के लिए पहले से अनुमति नहीं ली गई थी तो फिर इसकी भरपाई कौन भरेगा. ये भी पढ़ें - अरुण जेटली ने जिस स्‍कूल में अपने बच्‍चों को पढ़ाया, वहीं ड्राइवर-कुक के बच्‍चों को भी पढ़ाया अरुण जेटली के बारे में वो 10 खास बातें, जो उनको बनाती हैं सबसे अलग नेता।

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