किसानों ने खाद भरे ट्रकों के आगे लेटकर किया धरना-प्रर्दशन

संक्षेप:

  • आक्रोशित किसान खाद के ट्रकों के आगे लेटकर लगाया जाम।
  • यातायात व्यवस्था बुरी तरह से चरमराई।
  • पीसीएफ के गोदाम में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी भी पकड़ी।

झाँसी- ललितपुर में खाद को लेकर मची मारामारी थमने का नाम नहीं ले रही है। सोमवार को भी दिन भर बवाल होता रहा। आक्रोशित किसान खाद के ट्रकों के आगे लेट गए और उन्होंने जाम लगा दिया, जिससे यातायात व्यवस्था बुरी तरह से चरमराई रही। इस बीच पीसीएफ के गोदाम में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी भी पकड़ी गई। स्टॉक में 300 बोरी खाद कम पाए जाने पर पीसीएफ के भंडार नायक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।

सोमवार को मंडी रोड पर स्थित खाद की दुकान पर वितरण के दौरान किसानों की भारी भीड़ जमा हो गई, जिससे वहां हंगामे की स्थिति पैदा हो गई। इसी दरम्यान वहां से गुजर रहे खाद से भरे दो ट्रकों को रोककर किसान उनके आगे लेट गए, जिससे इलाइट चौराहा - गल्ला मंडी रोड पर जाम लग गया। सूचना मिलने पर डीएम अन्नावि दिनेश कुमार, एसपी निखिल पाठक मौके पर पहुंचे गए। उन्होंने किसानों को समझाने की बहुत कोशिश की, परंतु वे अपने रुख पर अड़े रहे। ढाई घंटे से अधिक समय तक यही स्थित बनी रही। किसानों के न मानने पर डीएम, एसपी मौके से वापस हो लिए। जबकि, वहां मौजूद एसडीएम डॉ. संतोष उपाध्याय ने ट्रक के आगे लेटे एक किसान को गोद में उठाकर वहां से हटाया। तब कहीं जाकर जाम खुल पाया। वहीं, मड़ावरा में भी यही हालात रहे। सहकारी समिति पर खाद वितरण के दौरान किसानों ने सचिव पर घालमेल का आरोप लगाते हुए हंगामा कर दिया। इसी बीच एक युवक सचिव को मोबाइल झपटकर भाग गया।

उधर, खाद की किल्लत से जूझ रहे किसानों ने बीघाखेत टोल प्लाजा के पास जाम लगा दिया। मौके पर पहुंचे एसडीएम और सीओ को किसानों ने बताया कि केंद्र से खाद का वितरण सही ढंग से नहीं किया जा रहा है। इस पर मौके पर केंद्र प्रभारी को बुलाया गया। इसके अलावा अफसरों द्वारा गोदाम में जाकर जांच की गई तो बड़ी गड़बड़ी सामने आई। स्टॉक में 300 बोरी खाद कम पाई गई। डीएम के निर्देश पर केंद्र प्रभारी रविभूषण कुशवाहा के खिलाफ शहर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया गया।

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