15 जुलाई से प्रतिबंधित होगी पॉलीथिन, सिर्फ 50 माइक्रोन से मोटी पॉलीथिन को छूट

कानपुर। खबर सुनने में आई है कि प्रदेश में 50 माइक्रोन से कम की पॉलीथिन पर अब प्रतिबंध लगेगा. बल्‍कि इससे ज्‍यादा मोटाई की पॉलीथिन इस्तेमाल हो सकेगी. नगर विकास विभाग ने केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय की 18 मार्च, 2016 की अधिसूचना लागू करने का फैसला लिया है. इसके लिए जल्द ही शासनादेशों के जारी होने की उम्‍मींद है.

ऐसी मिली है जानकारीप्राप्‍त जानकारी के अनुसार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 15 जुलाई से पॉलीथिन पर प्रतिबंध लगाने की घोषणा की है. उन्होंने नगर विकास विभाग को इसके लिए औपचारिक आदेश जारी करने के लिए कहा है. इसी के तहत नगर विकास विभाग पॉलीथिन पर प्रतिबंध लगाने की तैयारी कर रहा है. सबसे बड़ी समस्‍या पॉलीथिन पर प्रतिबंध लगाने के लिए अलग-अलग तीन तरह के आदेशों के कारण आ रही थी लेकिन, अब नगर विकास विभाग ने इसका हल निकाल लिया है.

विभाग से मिली ऐसी जानकारीइस बारे में विभाग ने यह तय किया है कि केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय की अधिसूचना के अनुसार ही कार्रवाई की जाएगी. इसमें 50 माइक्रोन से पतली पॉलीथिन पर ही प्रतिबंध रहेगा. इसमें पैकेजिंग वाले बैग शामिल नहीं हैं. इसके साथ ही कंपोस्ट होने वाली प्लास्टिक पर भी प्रतिबंध नहीं रहेगा. बता दें कि यह वह प्लास्टिक होती है, जिसको कंपोस्ट करने पर प्रदूषण नहीं होता है. इसी अधिसूचना के अनुसार नगर विकास विभाग जल्द शासनादेश जारी करेगा.

मोटी पॉलीथिन पर करना होगा ये कामअब जहां बात चली है 50 माइक्रोन से अधिक की पॉलीथिन का इस्‍तेमाल होने की तो इस पर निर्माता को अपना नाम व पता प्रिंट करना होगा. इसमें उनकी रजिस्ट्रीकरण संख्या व मोटाई भी प्रकाशित होनी चाहिए. ऐसा न करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी. इस वजह से इस मामले में भी पूर्ण सतर्कता बरतनी बेहद जरूरी है. ऐसा न करने पर सजा या दंड का भागीदार बनना होगा.

Your support to NYOOOZ will help us to continue create and publish news for and from smaller cities, which also need equal voice as much as citizens living in bigger cities have through mainstream media organizations.

डिसक्लेमर :ऊपर व्यक्त विचार इंडिपेंडेंट NEWS कंट्रीब्यूटर के अपने हैं,
अगर आप का इस से कोई भी मतभेद हो तो निचे दिए गए कमेंट बॉक्स में लिखे।

Read more Kanpur News In Hindi here. देशभर की सारी ताज़ा खबरें हिंदी में पढ़ने के लिए
NYOOOZ HINDI को सब्सक्राइब करें |

Related Articles