टैक्स सुधार जीएसटी में 66 उत्पादों का घटाया गया रेट, काउंसिल ने लिया निर्णय

संक्षेप:

  • GST काउंसिल ने 66 प्रोडक्ट्स पर घटाया रेट
  • बच्चों के ड्राइंग बुक्स पर नहीं लगेगा कोई टैक्स
  • सैनिटरी नैपकिन्स पर नहीं हटेगा टैक्स

देश के सबसे बड़े टैक्स सुधार जीएसटी की दरों को रविवार को हुई काउंसिल की बैठक में संशोधित किया गया है। बैठक के बाद वित्तमंत्री अरुण जेटली ने इस बारे में जानकारी दी।

वित्तमंत्री ने कहा कि जीएसटी कंपोजिशन एकमुश्त योजना का लाभ 75 लाख रुपये सालाना का कारोबार करने वाले छोटे व्यापारी, विनिर्माता और रेस्तरां कारोबारियों के लिए होगी। पहले यह सीमा 50 लाख रुपये थी।

वित्तमंत्री ने कहा कि जीएसटी परिषद ने 66 तरह के प्रोडक्ट्स पर टैक्स की दरें घटाई हैं। हालांकि 133 तरह की चीजों पर टैक्स घटाने के ज्ञापन मिले थे। इसके साथ ही कंप्यूटर प्रिंटर पर जीएसटी की दर 28 की जगह 18 प्रतिशत की गई। वहीं इंसुलिन, अगरबत्ती पर जीएसटी दर घटाकर आठ प्रतिशत, स्कूल बैग पर टैक्स 28 प्रतिशत रहेगा।

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इसके अलावा काजू पर टैक्स 12 प्रतिशत से घटाकर 5 प्रतिशत किया गया है। अचार, चटनी, सॉस और डिब्बाबंद फूड पर टैक्स की दर को 18 प्रतिशत से घटाकर 12 किया गया है। स्कूली बच्चों के कलर और ड्राइंग बुक पर टैक्स को 12 प्रतिशत से घटाकर जीरो कर दिया गया है। अब इन पर कोई टैक्स नहीं लगेगा।

हालांकि सैनिटरी नैपकिन्स पर टैक्स हटाने की मांग पर वित्तमंत्री ने कहा कि पहले जो तय हुआ है। उसमें कोई बदलाव नहीं किया गया है। महिला संगठनों की मांग थी कि सैनिटरी नैपकिन्स पर टैक्स को हटाया जाए।

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