Lok Sabha Election 2019: सहारनपुर में मुस्लिमों के रूख पर टिका हार-जीत का फैसला

संक्षेप:

  • इमरान को 2014 की हार का हिसाब लेने के लिए जोर लगाना होगा
  • मजबूत गठबंधन के फजलुर्रहमान इस चुनावी जंग को तिकोना बना रहे हैं
  • बीजेपी एक बार फिर मुस्लिमों के भ्रम में अपना भविष्‍य देखने की कोशिश कर रही है

सहारनपुर: पश्चिमी यूपी के सहारनपुर जिले की दुनियाभर में पहचान इस्लामिक सेंटर दारुल उलूम देवबंद, प्राचीन शाकुंभरी देवी मंदिर और लकड़ी पर नक्‍काशी के उद्योग की वजह से है. इस बार के लोकसभा चुनाव में यहां मुकाबला रोमांचक दिख रहा है. ध्रुवीकरण और बंटवारे के बल पर बीजेपी के मौजूदा सांसद राघव लखन पाल, कांग्रेस के चर्चित चेहरे इमरान मसूद और एसपी-बीएसपी-आरएलडी गठबंधन के हाजी फजलुर्रहमान अपनी कामयाबी देख रहे हैं.

राजनीतिक और जातीय समीकरण के हिसाब से अहम सीट

सहारनपुर लोकसभा सीट पश्चिमी यूपी में नतीजों, राजनीतिक और जातीय समीकरण के हिसाब से काफी मायने रखती है. यहां जंग सियासत की विरासत का वजूद बनाए रखने की भी है. बीजेपी के राघव लखनपाल के पिता कद्दावर नेता और विधायक थे. उनकी हत्या के बाद सहानुभूति में राघव लखन पाल पहले विधायक और 2014 में सांसद चुने गए. इस बार उनपर अपनी विरासत बचाने का दबाव रहेगा.

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इमरान मसूद 2014 के हार का बदला ले सकेंगे

कांग्रेस के फायर ब्रांड नेता इमरान मसूद का परिवार भी सियासी दृष्टि से अहम रहा है. अपने बयानों को लेकर अक्सर विवादों और चर्चा में रहने वाले इमरान को 2014 की हार का हिसाब लेने के लिए जोर लगाना होगा. आंकड़ों के लिहाज से मजबूत गठबंधन के फजलुर्रहमान इस चुनावी जंग को तिकोना बना रहे हैं.
बीजेपी एक बार फिर मुस्लिमों के भ्रम में अपना भविष्‍य देखने की कोशिश कर रही है. बीजेपी का पूरा जोर ध्रुवीकरण पर है, पार्टी मुस्लिमों में बंटवारा तय मानकर आगे बढ़ रही है. गठबंधन दलित और जाट (पिछड़ों) का साथ होने के दावे के बल पर मुस्लिमों को एकजुट रखने कोशिश कर रहा है. कांग्रेस मुस्लिमों और संग सर्वसमाज का साथ मिलने पर कामयाबी देख रही है. भीम आर्मी से इमरान मसूद की नजदीकी और चंद्रशेखर का इमरान से जुड़ाव किसी से छिपा नहीं है. इसका फायदा कांग्रेस को मिल भी सकता है. हालांकि मायावती की नाराजगी के बाद भी भीम आर्मी के चंद्रशेखर गठबंधन के पक्ष में रहने का संकेत दे चुके हैं.

सहारनपुर में पांच विधानसभा सीटें हैं

सहारनपुर लोकसभा में पांच विधानसभा सीटें बेहट, सहारनपुर नगर, सहारनपुर, देवबंद और रामपुर मनिहारन शामिल हैं. इनमें से दो बीजेपी, दो कांग्रेस और एक एसपी के पास हैं.

सहारनपुर सीट पर वोटों का गणित

कुल वोटर- 17,22,580

2014 में किसको मिले कितने वोट

बीजेपी के राघव लखनपाल यहां से विजयी हुए थे उन्‍हें 4,72,499 वोट मिले थे. दूसरे नंबर पर कांग्रेस के इमरान मसूद (4,07,909) और तीसरे पर बीएसपी के जगदीश सिंह राणा (2,35,033) रहे. एसपी शाजान मसूद को 52,765 वोट मिले थे. इस बार जगदीश राणा बीजेपी में हैं और शाजान मसूद कांग्रेस के साथ हैं.

सहारनपुर में जीत का गणित

मुस्लिम- 6,00,000
एससी- 3,00,000
गुर्जर- 1,50,000
सवर्ण- 3,50,000
अन्य- 3,00,000

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