वाराणसी एयरपोर्ट पर शटल बस सेवा शुरू, पिछले चार साल से चल रही थी तैयारी

संक्षेप:

  • एयरपोर्ट पर यात्रियों की सुविधा के लिए शटल बस सेवा शुरू।
  • अब यात्रियों को धूप, बरसात व ठंड के मौसम में पैदल नहीं चलना होगा।
  • तीन सौ मीटर की दूरी पैदल तय करते थे यात्री।

वाराणसी- वाराणसी के बाबतपुर स्थित लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर यात्रियों की सुविधा के लिए शटल बस सेवा शुरू कर दी गई। गुरुवार को सभी कंपनियों ने एक साथ इसे शुरू किया। अब यात्रियों को धूप, बरसात व ठंड के मौसम में पैदल नहीं चलना होगा।

एयरपोर्ट पर स्पाइसजेट, इंडिगो, एयर इंडिया, विस्तारा और गो एयर सहित सभी विमानों से हवाई सफर करने वाले यात्रियों को इसका लाभ मिलेगा। पिछले चार साल से शटल बस सेवा शुरू करने की तैयारी की जा रही थी। 

तीन सौ मीटर की दूरी पैदल तय करते थे यात्री
एयरपोर्ट अधिकारियों के अनुसार टर्मिनल भवन से एप्रन की तरफ चार एयरोब्रिज हैं। अधिकतर विमान जो एयरोब्रिज पर खड़े नहीं हो पाते हैं, वह विमान पुराने टर्मिनल की ओर खड़े होते थे, वहां से यात्रियों को पैदल टर्मिनल भवन तक आने में लगभग तीन सौ मीटर की दूरी पैदल तय करनी पड़ती थी। एयरपोर्ट की निदेशक अर्यमा सान्याल ने बताया कि सभी विमानन कंपनियों ने शटल बस सेवा शुरू की है। 

ये भी पढ़े : Dr नवनीत सहगल की अध्यक्षता में कृषि विभाग और विश्व बैंक की टीम के साथ बैठक


कोरोना को लेकर एयरपोर्ट पर सतर्कता
कोरोना संक्रमण के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए वाराणसी के बाबतपुर स्थित एयरपोर्ट पर सतर्कता बरती रही है। गुरुवार को एयरपोर्ट के मुख्य टर्मिनल भवन में सुरक्षा के बाबत बैठक हुई और तय हुआ कि मुख्य टर्मिनल भवन के बाहर ही अंतरराष्ट्रीय विमानों से उड़ान भरने वाले यात्रियों की आरटीपीसीआर जांच की जाएगी।

रिपोर्ट में कोविड पॉजिटिव आने वाले यात्रियों को वहीं से लौटा दिया जाएगा। लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर सिर्फ शारजाह से बनारस के बीच विमान सेवा संचालित होती है। एयरपोर्ट निदेशक अर्यमा सान्याल ने बताया कि शुक्रवार से यह व्यवस्था शुरू हो जाएगी। मुख्य टर्मिनल के बाहर ही अब आरटीपीसीआर जांच यात्रियों की कर ली जाएगी। 

If You Like This Story, Support NYOOOZ

NYOOOZ SUPPORTER

NYOOOZ FRIEND

Your support to NYOOOZ will help us to continue create and publish news for and from smaller cities, which also need equal voice as much as citizens living in bigger cities have through mainstream media organizations.

अन्य वाराणसीकी अन्य ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें और अन्य राज्यों या अपने शहरों की सभी ख़बरें हिन्दी में पढ़ने के लिए NYOOOZ Hindi को सब्सक्राइब करें।

Related Articles