बनारस में बारिश से गंगा का जलस्तर बढ़ा, घाटों से टूटा संपर्क

संक्षेप:

  • 24 घंटे में साढ़े तीन फीट जलस्तर में बढ़ोत्तरी।
  • गंगा घाटों का आपसी संपर्क टूटा।
  • एनडीआरएफ और जल पुलिस ने शुरू की गंगा में पेट्रोलिंग।

वाराणसी- पहाड़ी और मैदानी इलाकों में हो रही बरसात के कारण गंगा में उफान तेज हो गया है। हालत यह है कि बनारस में गंगा के बढ़ाव के कारण घाटों का आपसी संपर्क टूट गया है। वहीं गंगा के बढ़ाव से वरुणा में भी पलट प्रवाह शुरू हो गया है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार गंगा का जलस्तर 65.68 मीटर दर्ज किया गया। 24 घंटे में गंगा के जलस्तर में साढ़े तीन फुट की बढ़ोत्तरी दर्ज की गई।

शुक्रवार की सुबह गंगा के जलस्तर में बढ़ाव का सिलसिला जारी रहा। गंगा अब अस्सी घाट के सुबह बनारस के मंच की सीढ़ियों को छूने लगी हैं। अस्सी से राजघाट के बीच गंगा के घाटों का आपसी संपर्क सुबह 10 बजे तक टूट गया था। सुबह आठ बजे गंगा का जलस्तर 65.18 मीटर दर्ज किया गया था।

दो बजे तक गंगा के जलस्तर में पांच सेंटीमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से बढ़ोतरी हो रही थी। 11 से दो बजे के बीच गंगा की रफ्तार चार सेंटीमीटर प्रतिघंटा, तीन से पांच बजे बजे तक पांच सेंटीमीटर प्रतिघंटा और इसके बाद फिर से चार सेंटीमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से बढ़ाव जारी रहा। रात आठ बजे से गंगा के जलस्तर में तीन सेंटीमीटर प्रतिघंटे के रफ्तार से बढ़ाव हो रहा था।

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गंगा के बढ़ते जलस्तर से वरुणा में पलट प्रवाह ने तटवासियों की नींद उड़ा दी है। उन्हें फिर से एक बार बाढ़ का डर सताने लगा है। जलस्तर के दोबारा बढ़ने से प्रशासन अलर्ट है। एनडीआरएफ और जल पुलिस ने गंगा में पेट्रोलिंग शुरू कर दी है। वहीं ग्रामीण इलाकों में एक बार फिर बाढ़ चौकियों को अलर्ट कर दिया गया है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार गंगा इस समय चेतावनी बिंदु 70.262 से लगभग साढ़े चार मीटर नीचे 65.68 पर बह रही है।

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