मुरादाबाद: रेलवे बोर्ड ने अनारक्षित टिकट लागू करने की दी अनुमति, जोनल मुख्यालयों पर छोड़ा अंतिम निर्णय

संक्षेप:

  • बोर्ड ने अनारक्षित टिकट लागू करने की दी अनुमति
  • 15 ट्रेनों में ही अनारक्षित सफर की है अनुमति
  • जोनल मुख्यालयों पर छोड़ा अंतिम निर्णय

मुरादाबाद। महामारी से पहले की तरह रेलवे बोर्ड ने सभी ट्रेनों में अनारक्षित टिकट लागू करने की अनुमति दे दी है। साथ ही अंतिम निर्णय जोनल मुख्यालयों पर छोड़ दिया गया है। जोनल मुख्यालय अपने रेल मंडलों में आरक्षण की स्थिति, कोरोना संक्रमण दर और यात्रियों की आधार के मांग पर रणनीति तैयार कर रहे हैं। मार्च माह में प्रथम सप्ताह में इस पर निर्णय कर उत्तर रेलवे में लागू कर दिया जाएगा।

15 ट्रेनों में ही अनारक्षित सफर की है अनुमति

रेलवे बोर्ड द्वारा सोमवार को जारी किए गए पत्र में कहा गया है कि में एक्सप्रेस ट्रेनों को पुराने नंबरों पर चलाने की अनुमति पहले ही दी जा चुकी है। अब जोनल मुख्यालय अपने अनुसार सभी ट्रेनों में सेकेंड सिटिंग कोचों को अनारक्षित कर सकते हैं। रेलवे बोर्ड ने सुझाव दिया है कि सेकेंड सिटिंग 50 प्रतिशत कोचों को अनारक्षित किया जा सकता है। सामान्य दिनों में मुरादाबाद रेल मंडल में 142 जोड़ी मेल एक्सप्रेस ट्रेनें चलाई जाती हैं। इनमें से अधिकांश ट्रेनों को बहाल कर दिया गया है लेकिन सिर्फ 15 ट्रेनों में ही अनारक्षित सफर की अनुमति है। अब जोनल रेलवे यदि सभी ट्रेनों में अनारक्षित सफर की अनुमति देते हैं तो यात्रियों को काफी राहत मिलेगी।

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वहीं होली के मौके पर चलने वाली स्पेशल ट्रेनों में भी अनारक्षित टिकट लागू करने के लिए जोनल मुख्यालय को स्वतंत्र रखा गया है। अनारक्षित टिकट लागू होने से त्योहार के मौके पर अपने गृह जनपदों को जाने वाले कामगारों को सहूलियत मिलेगी। सहायक वाणिज्य प्रबंधक पीएस बघेल का कहना है कि सेकेंड सिटिंग कोचों में आरक्षण की स्थिति देखी जा रही है, कोशिश है कि यात्रियों के आरक्षण रद्द न करने पड़े।

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