नोएडा: जेवर एयरपोर्ट के पास बनेंगे घर-ऑफिस, यहां ज़मीन लेने के लिए लग गई भारी भीड़

संक्षेप:

  • यमुना अथॉरिटी के लिए खुश खबरी
  • जेवर एयरपोर्ट के पास बनेंगे घर-ऑफिस व फैक्ट्री
  • जानिए यहां ज़मीन के लिए कितने आवेदन आए हैं

नोएडा। यमुना अथॉरिटी के लिए एक बड़ी खुशखबरी है,दरअसल यमुना एक्सप्रेस-वे इंडस्ट्रियल डवलपमेंट अथॉरिटी ने हाल ही में जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास घर-ऑफिस और फैक्ट्री लिए जमीन बेचने की दो योजनाएं लांच की हैं. इन योजनाओं में टॉय सिटी, हैंडीक्राफ्ट पार्क, एमएसएमई पार्क और जनरल इंडस्ट्रियल प्लॉट के साथ-साथ घर बनाने के लिए प्लॉट आवंटन की योजना भी शामिल हैं.

अथॉरिटी के लिए अच्छी बात यह है कि हर कोई इस योजना में भागीदारी करना चाहता है. सबसे ज्यादा आवेदन घर लेने वालों के आ रहे हैं. एयरपोर्ट के पास ऑफिस और फैक्ट्री बनाने वालों की भीड़ भी कम नहीं है.

यमुना एक्सप्रेस-वे इंडस्ट्रियल डवलपमेंट अथॉरिटी की योजनाओं में एयरपोर्ट के साथ ही और कई बड़े प्रॉजेक्ट भी शामिल हैं. इसलिए हर कोई इसके पास ही अपने रहने या काम करने की सोच सहा है.

ये भी पढ़े : नोएडा: जेवर एयरपोर्ट की दिशा में काम शुरू, स्विस कंपनी को जल्द मिलेगा ज़मीन पर कब्ज़ा


367 प्लॉट के लिए 4450 आवेदन
यमुना अथॉरिटी ने टॉय सिटी, हैंडीक्राफ्ट पार्क, एमएसएमई पार्क और जनरल इंडस्ट्रियल प्लॉट आवंटन के लिए योजना लांच की थी. ये प्लॉट 4 हजार वर्गमीटर से कम क्षेत्रफल वाले हैं. यमुना अथॉरिटी के मुताबिक इस योजना के लिए 25 मार्च तक आवेदन लिए गए हैं.

ऑनलाइन प्रक्रिया के तहत इस योजना में 4450 आवेदन आए हैं. अब आवेदनों की जांच की जा रही है. सभी तरह की जांच के बाद सफल आवेदकों की सूची वेबसाइट पर अपलोड कर दी जाएगी. अथॉरिटी के मुताबिक इस योजना का ड्रॉ 15 अप्रैल को निकाला जाएगा

घर की योजने के अतिरिक्त 22 हजार फॉर्म बिके

यमुना अथॉरिटी की आवासीय योजना जारी की थी,आपको जानकर हैरत होगी कि इस योजना के लिए फॉर्म निकाले थे जिन्में 22 हज़ार लोगों ने यहां घर के लिए आवेदन किया है. इस योजना के लिए बैंक द्वारा मदद करने के चलते भी आवेदन करने वालों की भीड़ लगी हुई है. ऐसी उम्मीद जताई जा रही है कि आवेदन की यह संख्या 30 हजार को भी पार कर जाएगी.

If You Like This Story, Support NYOOOZ

NYOOOZ SUPPORTER

NYOOOZ FRIEND

Your support to NYOOOZ will help us to continue create and publish news for and from smaller cities, which also need equal voice as much as citizens living in bigger cities have through mainstream media organizations.

Read more Noida की अन्य ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें और अन्य राज्यों या अपने शहरों की सभी ख़बरें हिन्दी में पढ़ने के लिए NYOOOZ Hindi को सब्सक्राइब करें।

Related Articles