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Bihar News: अस्पतालों में चिकित्सा सेवाएं चरमराई, AIIMS-IGIMS में आज भी जारी रहेगी हड़ताल; PMCH-NMCH में होगा इलाज
- न्यूज़
- Wednesday | 14th August, 2024
एम्स निदेशक ने इमरजेंसी सेवा मजबूत करने का किया आह्वान एम्स पटना में मंगलवार सुबह आठ बजे रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (आरडीए) ने शांतिपूर्ण विरोध मार्च निकाल ओपीडी सेवा व ओटी बंद करा दिए। शाम तीन बजे निदेशक डॉ. जीके पाल व अन्य पदाधिकारियों ने उनकी सभा को संबोधित कर उनके उद्देश्य को नैतिक समर्थन देते हुए रोगियों के हित में इमरजेंसी व ट्रामा सेवाओं को और सुदृढ़ कर अधिक से अधिक रोगियों का इलाज कराने का आह्वान किया। फेडरेशन ऑफ रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन व फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया मेडिकल एसोसिएशन के निर्देशानुसार बुधवार को भी ओपीडी व गैर-आपातकालीन सर्जरी का बहिष्कार जारी रहेगा। फाइमा के अध्यक्ष डॉ. मनीष जांगड़ा ने हड़ताल को जारी रखने के प्रति प्रतिबद्धता दोहराते हुए सभी से आंदोलन में भाग लेने का आग्रह किया है। एनएमसीएच में दूसरे दिन कम पहुंचे मरीज नालंदा मेडिकल कॉलेज अस्पताल में सोमवार की हड़ताल को देखते हुए मंगलवार को बहुत कम मरीज पहुंचे।
यहां सुबह से पंजीयन काउंटर पर ताला लगा रहा।
इससे न तो कोई पंजीयन हुआ और न ही ओपीडी का ताला खुला। एक भी मरीज का ऑपरेशन नहीं होने से स्वजन परेशान रहे क्योंकि वे खून आदि का इंतजाम कर चुके थे।
जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन एनएमसीएच के अध्यक्ष डॉ. अंकित रंजन के नेतृत्व में हड़ताली डॉक्टरों ने इमरजेंसी के समीप विरोध प्रदर्शन किया। पीएमसीएच में 41 सर्जरी टलीं, 2,000 मरीज लौटे पीएमसीएच के जूनियर डॉक्टरों व टीचर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. एनपी सिंह, सचिव डॉ. महेश प्रसाद, हड्डी रोग के विभागाध्यक्ष डॉ. भरत सिंह के नेतृत्व में विरोध मार्च निकाल कर ओपीडी बहिष्कार किया गया। इस कारण पूर्व से निर्धारित 41 सर्जरी नहीं हो पाईं व 2,000 से अधिक मरीज लौटने को विवश हो गए। जूनियर डॉक्टरों ने साढ़े आठ बजे खुले रजिस्ट्रेशन काउंटर व ऑपरेशन थिएटर पर सुबह नौ बजे ताला जड़ दिया।
इमरजेंसी में सिर्फ छह सर्जरी हुईं जबकि मंगलवार को 46 ऑपरेशन होने थे। आज ओपीडी बहिष्कार पर भासा दो फाड़ बिहार स्वास्थ्य सेवा संघ के अध्यक्ष डॉ. महेश प्रसाद सिंह, महासचिव डॉ. रणजीत कुमार, उपाध्यक्ष डॉ. रोहित कुमार व प्रवक्ता डॉ. विनय कुमार ने स्वास्थ्य मंत्री को पत्र लिखकर बुधवार को ओपीडी बहिष्कार की सूचना दी है। उन्होंने बताया कि जूनियर रेजिडेंट से दुष्कर्म व हत्या के विरोध में ओपीडी बहिष्कार का निर्णय लिया गया है।
हालांकि, सभी डॉक्टर ड्यूटी पर रहेंगे और इमरजेंसी रोगियों का उपचार जारी रहेगा। वहीं, बिहार स्वास्थ्य सेवा संघ डॉ. दीपक गुट ने इस कार्य बहिष्कार का विरोध किया है।
महासचिव डॉ. अमिताभ ने बताया कि दोषियों को सजा मिले पर ओपीडी बहिष्कार इसका समाधान नहीं है।
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