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RIMS Ranchi: रिम्स हॉस्पिटल में जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल, OPD सेवा हुई ठप; मरीज हुए बेहाल
- न्यूज़
- Tuesday | 13th August, 2024
रूटीन सर्जरी भी बाधित रही जूनियर डॉक्टरों के हड़ताल में रूटीन सर्जरी भी बाधित रही।
वार्ड में डॉक्टर ड्यूटी पर नहीं दिखें।
जेडीए वाइस प्रेसिडेंट डॉ. अभिषेक ने कहा कि हड़ताल के दौरान गंभीर मरीजों की चिकित्सा में कोई लापरवाही नहीं बरती जा रही है।
इमरजेंसी सेवा चालू है।
उन्होंने कहा कि हमारी मांगें सरकार से है, जब तक वे पूरी नही होती तब तक सभी हड़ताल जारी रहेगी। निदेशक से मिला जेडीए निदेशक डॉ. राजकुमार से जेडीए के सदस्यों ने मिलकर अपनी मांग रखी, जिसमें सुरक्षा मुहैया कराने की मांग प्रमुखता के साथ रखी गई।
डॉक्टरों ने बताया कि रिम्स परिसर जुआड़ियों का अड्डा बन चुका है, महिला डॉक्टर की सुरक्षा भी नहीं है, बाउंड्री टूटी हुई है जिससे कई बार छेड़खानी करने असामाजिक तत्व अंदर प्रवेश कर चुके हैं। हॉस्टलों में पीने का पानी तक नहीं है, इस तरह की दिक्कतों की सूची बनाकर निदेशक को दी गई है।
जिसके बाद निदेशक ने आश्वास दिया है कि सुरक्षा बढ़ायी जा रही है, इसके लिए प्रबंधन 1200 सीसीटीवी कैमरे लगाने को लेकर टेंडर जारी होगा और दो पुलिस पिकैट बनाया जाएगा। चिकित्सकों की मांगें - निष्पक्ष और गहन जांच के लिए मामले को तत्काल सीबीआई को स्थानांतरित किया जाए। - डॉक्टरों के लिए सुरक्षित कार्यस्थल सुनिश्चित करने के लिए केंद्रीय सुरक्षा अधिनियम लागू किया जाए। - रात्रि पाली में काम करने वाले रेजिडेंट डॉक्टरों के लिए वार्डों और इमरजेंसी में पुरुष, महिला डॉक्टरों के लिए अलग कमरे और शौचालय का प्रावधान सुनिश्चित किया जाए। - पूरे कॉलेज और अस्पताल परिसर को कवर करने वाले पूरी तरह कार्यात्मक सीसीटीवी कैमरे लगाए जाए। - पूरे परिसर और अस्पताल में 24 घंटे सक्षम गार्ड की व्यवस्था हो। - कॉलेज परिसर में कार्यात्मक स्ट्रीट लैंप लगाई जाए। ये भी पढे़ं- Dhanbad ED Raid: मेडिकल घोटाले के आरोपित पर ED का एक्शन जारी, जांच एजेंसी ने घर पर की छापेमारी झारखंड सरकार ट्रेनी इंजीनियरों को देगी 15 हजार रुपये, प्रैक्टिकल ट्रेनिंग बोर्ड में कराना होगा रजिस्ट्रेशन ।
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