श्रीनगर मेडिकल कॉलेज बनेगा देश का दूसरा आर्मी मेडिकल कॉलेज!

संक्षेप:

  • श्रीनगर मेडिकल कॉलेज बनेगा देश का दूसरा आर्मी मेडिकल कॉलेज
  • भारतीय सेना करेगी इसका संचालन
  • लेफ्टिनेंट जनरल बिपिन सिंह रावत का दौरा कर रहा इस बात की तस्दीक

देहरादून: श्रीनगर मेडिकल कॉलेज अब पुणे स्थित आर्म्‍ड फोर्सेज मेडिकल कॉलेज की तर्ज पर देश का दूसरा आर्मी मेडिकल कॉलेज में शुमार होने जा रहा है। जिसका संचालन भारतीय सेना करेगी।

रविवार को सेनाध्यक्ष लेफ्टिनेंट जनरल बिपिन सिंह रावत का श्रीनगर मेडिकल कॉलेज का दौरा इस बात की तस्दीक कर रहा है। पुणे स्थित आर्म्‍ड फोर्सेज मेडिकल कॉलेज पर ही देश की आर्म्‍ड फोर्सेज के लिए मेडिकल स्टाफ मुहैया कराने की जिम्मेदारी है।

ये मेडिकल कॉलेज 1948 में शुरू हुआ था। जो पुणे कैंटोनमेंट में स्थित है। लेकिन अब जल्द ही उत्तराखंड का श्रीनगर मेडिकल कॉलेज भी आर्म्‍ड फोर्सेज मेडिकल कॉलेज के रूप में संचालित किया जाएगा। जोकि देश का दूसरा आर्मी मेडिकल कॉलेज होगा। 

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श्रीनगर मेडिकल कॉलेज को सेना को हस्तांतरित करने की ये कवायद करीब डेढ़ साल से चल रही थी, जो अब अपने मुकाम पर पहुंचने वाली है । सेनाध्यक्ष लेफ्टिनेंट जनरल बिपिन सिंह रावत और मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने आज श्रीनगर मेडिकल कॉलेज का अंतिम निरीक्षण कर इस बात पर मोहर लगा दी कि जल्द ही मेडिकल कॉलेज को सेना के सुपुर्द किया जाएगा।

श्रीनगर मेडिकल कॉलेज के अधिग्रहण के पीछे राष्ट्रीय सुरक्षा का मसला भी जुड़ा है। क्योंकि, सूबे के चमोली, उत्तरकाशी और पिथौरागढ़ जिले की सीमाएं पड़ोसी देश चीन से लगी है और श्रीनगर से भी भारत-चीन बॉर्डर भी अधिक दूर नहीं है। आवश्यकता पड़ने पर भारतीय सेना बार्डर पर अपनी मेडिकल सेवाओं को पहुंचा सकती है।

सेनाध्यक्ष बिपिन सिंह रावत और त्रिवेंद्र सिंह रावत ने आज कॉलेज के निरीक्षण के बाद कॉलेज प्रबंधन के साथ एक बैठक की। इस मौके पर कॉलेज प्रबंधन ने उन्हें संस्थान में मौजूद सुविधाओं और कॉलेज की भविष्य  आवश्यकताओं के बारे में बताया।

मीडिया से बात करते हुए त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि कॉलेज को सेना को सुपुर्द किए जाने को लेकर रक्षामंत्री ने भी हामी भरी है। कॉलेज के हस्तांतरण के बाद भी यहां कार्यरत कर्मचारी और अधिकारियों की सेवा में कोई फर्क नहीं पड़ेगा। किसी भी कर्मचारी को चिंता करने की जरूरत नहीं है। 

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