जानिए क्यों लगाई गई मुजफ्फरनगर पुलिस लाइन में इस फीमेल डॉग की प्रतिमा?

संक्षेप:

यूपी के मुजफ्फरनगर पुलिस लाइन में फीमेल डॉग क्यूटिक्स उर्फ टिंकी की प्रतिमा लगाई गई है. लंबे समय तक जिले में पुलिस के लिए अपराधों की पड़ताल में कारगर भूमिका निभाने वाली श्वान एएसपी क्यूटिक्स उर्फ टिंकी की प्रतिमा का अनावरण एसपी सिटी अर्पित विजय वर्गी की मौजूदगी में डॉग हैंडलर सुनील कुमार ने किया.

मुजफ्फरनगर: यूपी के मुजफ्फरनगर पुलिस लाइन में फीमेल डॉग क्यूटिक्स उर्फ टिंकी की प्रतिमा लगाई गई है. लंबे समय तक जिले में पुलिस के लिए अपराधों की पड़ताल में कारगर भूमिका निभाने वाली श्वान एएसपी क्यूटिक्स उर्फ टिंकी की प्रतिमा का अनावरण एसपी सिटी अर्पित विजय वर्गी की मौजूदगी में डॉग हैंडलर सुनील कुमार ने किया.

जनपद में पिछले छह वर्ष से तैनात एएसपी क्यूटिक्स उर्फ टिंकी का गत 3 नवंबर को बीमारी से निधन हो गया था. एएसपी टिंकी ने अपनी तैनाती की इस अवधि के दौरान हत्या, लूट और चोरी सहित 49 संगीन मामलों का खुलासा करने में अहम भूमिका निभाई थी.

निधन के बाद पुलिस लाइन में पूरे सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया था. आपको बता दें कि 2013 में मध्य प्रदेश के टेकनपुर स्थित बीएसएफ प्रशिक्षण केंद्र से प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद मादा श्वान क्यूटिक्स उर्फ टिंकी को डाग स्क्वाड में बतौर हेड कांस्टेबल शामिल किया गया था. सूंघने की गजब ताकत के चलते उसने कई बड़ी वारदात के राजफाश में अहम भूमिका निभाई. प्रतिभा के बल पर टिंकी एएसपी पद तक पहुंची थी.

ये भी पढ़े : मुरादाबाद: डिप्रेशन में था पीतल कारोबारी, गोली मारकर की आत्महत्या


जनपद का पुलिस विभाग क्यूटिक्स उर्फ टिंकी के योगदान को कभी भुला नहीं पाएगा. 2018 में बुढ़ाना में अवैध संबंधों के चलते हत्या के बाद लाश को बोरे में बंद कर तालाब में फेंक दिया गया था. टिंकी ने वारदात के चंद दिन बाद ही शव बरामद करा दिया था.

भौराकलां थानाक्षेत्र के गांव कपूरगढ़ में युवती की हत्या करके शव को भूसे में छिपा दिया गया था. टिंकी ने शव को बरामद कराने और वारदात करने वाली बड़ी बहन को पकड़वाने में पुलिस का सहयोग किया था. इस मौके पर सीओ सिटी कुलदीप कुमार, प्रतिसार निरीक्षक अब्दुल रईस खान समेत अन्य अफसर मौजूद रहे.

If You Like This Story, Support NYOOOZ

NYOOOZ SUPPORTER

NYOOOZ FRIEND

Your support to NYOOOZ will help us to continue create and publish news for and from smaller cities, which also need equal voice as much as citizens living in bigger cities have through mainstream media organizations.

Related Articles