जेडीयू का भाजपा पर वार: उपेंद्र कुशवाहा की संजय जायसवाल को सलाह, अपनी ऊर्जा कोरोना के खिलाफ जारी जंग में लगाए 

संक्षेप:

  • बिहार में राजनीतिक पायदान पर गरमा-गर्मी जारी।
  • कुशवाहा की सलाह- अपनी ऊर्जा कोरोना के खिलाफ जारी जंग में लगाने।
  • अभी राजनीतिक मगजमारी नहीं।

 

पटना। महामारी की इस घड़ी में राजनीतिक पायदान पर गरमा-गर्मी जारी है। एक तरफ जेडीयू के नेता और वहीं, दूसरी ओर भाजपा के नेता आपस में खरी-खोटी सुनाने में लगे पड़े हैं। जेडीयू संसदीय बोर्ड के अध्यक्ष उपेन्द्र कुशवाहा ने भाजपा नेताओं के बयान पर पलटवार किया है। बुधवार की शाम कुशवाहा ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय जायसवाल पर निशाना साधते हुए अपनी ऊर्जा कोरोना के खिलाफ जारी जंग में लगाने की बात कही। कुशवाहा ने कहा कि जनाब, अभी राजनीतिक मगजमारी नहीं, बल्कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा कोरोना महामारी के खिलाफ जारी संघर्ष में अपनी ऊर्जा लगाइये।

ओर तो ओर जब बिहार में नाइट कर्फ्यू लगा तो भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय जायसवाल ने इसके खिलाफ बयान दिया तो इस पर उपेंद्र कुशवाहा ने उन्हें राजनीति नहीं करने की सलाह दी थी। इसके बाद भाजपा नेताओं ने कुशवाहा पर ताबड़तोड़ हमले किये। उपेंद्र कुशवाहा की आंत में गांठ तक बता दिया। 

क्या लॉकडाउन के अलावा बिहार सरकार के पास कोई और विकल्प नहीं था: जायसवाल 

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इससे पहले संजय जायसवाल ने राज्य की अपनी ही एनडीए सरकार पर निशाना साधा। साथ ही, एनडीए गठबंधन के उन नेताओं को भी आड़े हाथों लिया है, जो लॉकडाउन लगाने के मसले पर उनके खिलाफ बयानबाजी की थी। बुधवार को अपने फेसबुक पोस्ट में प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि राज्यपाल की बैठक में मैंने शुक्रवार की शाम से सोमवार सुबह तक 62 घंटे का लॉकडाउन का प्रस्ताव दिया था। तब बिहार में 40,000 से कम एक्टिव केस थे। अब एक लाख से ज्यादा एक्टिव केस होने से बिहार सरकार के पास जनता की भलाई के लिए कोई और विकल्प नहीं था। लॉकडाउन लगाना पड़ा। 

 

 


 

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