BHU छात्र हत्याकांड: गौरव की हत्या के पहले हुई थी सुलह की कोशिश, 72 घंटे में पकड़ा जाएगा हत्यारा- पुलिस

संक्षेप:

  • बीएचयू के एमसीए के निष्कासित छात्र गौरव सिंह के हत्या मामले में पहले सुलह समझौते का दौर चला था
  • लंका पुलिस और क्राइम ब्रांच की टीम पूरे प्रकरण की तफ्तीश कर रही है
  • वारदात से एक हफ्ते पहले भी मारपीट हुई थी

वाराणसी: बीएचयू के एमसीए के निष्कासित छात्र गौरव सिंह के हत्या मामले में पुलिस के हाथ एक नई क्लू आई है. हत्या के पहले सुलह समझौते का दौर चला था, बात भी लगभग रफादफा हो चुकी थी, फिर आखिर ऐसा क्या हुआ और किसने साजिश रची कि सुलह की कोशिश के बाद गौरव की हत्या कर दी गई. यह एक बड़ा सवाल है. गौरव सिंह के हत्या और उसकी हत्या के आरोपी कुमार मंगलम सहित अन्य के बीच विवाद खत्म करने के लिए दोनों पक्ष सुलह की कोशिश कर रहे थे. बिड़ला ए हॉस्टल में हुई पंचायत में तय हुआ था कि दोनों पक्ष एक-दूसरे के खिलाफ दर्ज कराए गए मुकदमे में पुलिस और अदालत को शपथ पत्र देकर समझौता कर लेंगे.

बीते माह संपन्न हुए स्पंदन के दौरान बिड़ला ए और बिड़ला सी के छात्रों के बीच मारपीट हुई थी. गौरव के भाई सौरभ ने बिड़ला ए के छात्र का पक्ष लिया था. बिड़ला सी हॉस्टल में रहे छात्र का पक्ष कुमार मंगलम सहित अन्य छात्रों ने लिया था. इसके बाद एक-दूसरे को नीचा दिखाने की कोशिश शुरू हुई. वारदात से एक हफ्ते पहले भी मारपीट हुई थी.

एसपी सिटी दिनेश कुमार सिंह ने बताया कि लंका पुलिस और क्राइम ब्रांच की टीम पूरे प्रकरण की तफ्तीश कर रही है. अगले 72 घंटे में हत्यारा पुलिस की गिरफ्त में हो जाएगा और सामने आए तथ्यों के आधार पर बीएचयू परिसर में अराजकता रोकने के लिए ठोस उपाय किए जाएंगे.  गौरव की हत्या के बाद पुलिस को उसके करीबी छात्रों द्वारा पलटवार किए जाने की आशंका है. पुलिस के अनुसार, गौरव की बिड़ला ए और लालबहादुर शास्त्री हॉस्टल के छात्रों में गहरी पैठ थी. स्थानीय निवासी होने के कारण सीरगोवर्धनपुर, छित्तूपुर, करौंदी, सुसुवाही, अमरा, अखरी सहित बीएचयू के आसपास के अन्य इलाकों के लड़कों के बीच भी गौरव लोकप्रिय था. पुलिस को आशंका है कि कुमार मंगलम के करीबी छात्रों पर गौरव के करीबी छात्रों का गुट हमला कर सकता है.

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